Popular Posts

Friday, February 18, 2011

"यह पहली (दलित) किरण है , इस दीये का......

अँधेरे को दूर भागने के लिए .......

इस रोशनी से सुबको जगमग करने के लिए.....

नये विश्व को बनाने के लिए .....

यह पहली किरण ....... दीये का......"

Monday, December 27, 2010

"...सोने के बहाने....."

सोने के बहाने मैं सोचता हूँ
अपनी जिंदगी उल्फत सी लगती है
पर न जाने क्यों ,
यादो के सहारे जीता हूँ !

Tuesday, April 20, 2010

"दिल की अभिलाषा ...."

"क्या करू कहा जाऊ ,

छटपटा रहा है दिल ,

क्या मैं तुमसे कुछ कहा ,

जो तुम मुझसे दूर गयी ,

आजाओ , मेरी सुने पनको ,

आपनी , महक से भर दो,

क्या करू कहा जाऊ .........."

Monday, April 5, 2010

"दिल की बात... हर दम हर पल ."

"जिंदिगी दो पल की...........

हर दिल पर राज करेंगे हर दम हर पल

यू ही , हम दिल की बात करेंगे ,

जो अनकही हो , जो अंजना हो ,

हर दम हर पल ........................"

Wednesday, March 31, 2010

"तुम्हारी नजर ........."

"यु कातिल नजरो से देखा मत करो ,
मैं तो आशिक हूँ ,
जब चाहू किसी पर झुक सकता हूँ ,
इन नजरो को मत घुमने दो
जंहा देखती हो वोही पर रुक्नेदो ,
यु तुम ..................."

Friday, March 26, 2010

"...कही वो आज मिल जाती........"

शाम तो खुशगवार है,
तन्हाई मेरे पास है ,
कही वो आज मिल जाती ,
जिसका मुझे वर्षो से इंतिजार है......
ये शाम और रंगीन होजाती ...
मद्धम- मद्धम चाँद की रोशनी में ,
जब उसको बाहों में जकर लेता .....
चाँद भी देखकर शर्माजाता ...................."

Thursday, March 18, 2010

"....हर दिल पर राज करू ......."

हर दिल अपना है ,
कही भी ,
कभी भी ,
जिस हालत में भी रहु हूँ ,
मैं उस हालत में भी ,
हर दिल पर राज करू ........
क्या करू दिल लिखने से मना करती है ।
पर हां,
ये सही है ,
हर दिल पर राज करू ...............................!
अरे भई,
हर दिल अपनी है .........।